Achhe Vichar In Hindi 2016


  1. ##मन ही मनुष्य को स्वर्ग या नरक में बिठा देता है | स्वर्ग या नरक में जाने की कुंजी भगवान ने हमारे हाथ में दे रखी है | – स्वामी शिवानन्द / Swami Shivanand

  2. ##मन का धर्म है मनन करना, मनन में ही उसे आनंद है, मनन में बाधा प्राप्त होने से उसे पीड़ा होती है | – रवीन्द्रनाथ ठाकुर / RabindranathThakur

  3. ##मनुष्य तो दुर्बलताओं की प्रतिमा है जिसमें देवत्व और दानवत्व दोनों का ही समावेश है | – हितोपदेश

  4. ##भगवान ने मनुष्य को अपने ही समान बनाया, पर दुर्भाग्य से इन्सान ने भगवान को अपने जैसा बना डाला | – महात्मा गांधी / Mahatma Gandhi

  5. ##मानव का दानव होना उसकी हार है | मानव का महामानव होना उसका चमत्कार है और मनुष्य का मानव होना उसकी जीत है | – डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन / Dr. Sarvepalli Radhakrishnan

  6. ##- Inspirational Thoughts In Hindi | सर्वश्रेष्ठ प्रेरणादायक विचार

  7. ##माँ के ममत्व की एक बूंद अमृत के समुद्र से ज्यादा मीठी है | – जयशंकर प्रसाद /Jaishankar Prasad

  8. ##तुम ये कभी मत सोचो कि आत्मा के लिए कुछ असंभव है. ऐसा सोचना तो सबसे बड़ा अधर्म है. अगर कोई पाप है, तो वो यही है; की, ये कहना तुम निर्बल हो या अन्य लोग निर्बल हैं. – स्वामी विवेकानंद / Swami Vivekananda

  9. ##निरंतर विकास जीवन का एक नियम है, और जो भी व्यक्ति खुद को सही दिखाने के लिए अपनी रूढ़िवादिता को बरकरार रखने की कोशिश करता है वो खुद को एक गलत स्थिति में पंहुचा देता है। – महात्मा गांधी / Mahatma Gandhi

  10. ##जब तक हम खुद पे विश्वास नहीं करते तब तक हम भागवान पे विश्वास नहीं कर सकते. – स्वामी विवेकानंद / Swami Vivekananda

  11. ##जो पुत्र पैदा ही न हुआ हो अथवा पैदा होकर मृत हो अथवा मुर्ख हो, इन तीनों में पहले दो ही बेहतर हैं, न की तीसरा, कारण यह है की प्रथम दोनों तो एक बार ही दुःख देते हैं, जबकि तीसरा पद-पद दुःखदायी होता है | – हितोपदेश.

  12. ## Swami Vivekananda Quotes In Hindi With Images

  13. ## मृत्यु वह सोने की चाभी है, जो अमरत्व के भवन को खोल देती है | – मिल्टन / Militant

  14. ## मेरी खुद की अनुमति के बिना कोई भी मुझे ठेस नहीं पहुंचा सकता। – महात्मा गांधी / Mahatma Gandhi

  15. ##मौन वार्तालाप की एक महान कला है | – हैजलट.

  16. ##अपने रहस्य को किसी को मत बताओ, ये आदत आपको ख़त्म कर देंगी – चाणक्य सुविचार

  17. ##आप अगर ऐसा सोचते हो, की सब कुछ अच्छा होगा, तो जरुर वाही होगा. Gyanipandit
  18. ##  Positive Attitude Quotes In Hindi

  19. ##वह जो अपने प्रियजनों से अत्यधिक जुड़ा हुआ है, उसे चिंता और भय का सामना करना पड़ता है, क्योंकि सभी दुखों कि जड़ लगाव है. इसलिए खुश रहने कि लिए लगाव छोड़ दीजिये. – चाणक्य अच्छे विचार

  20. ## सुंदर विचार जिनके साथ हैं, वे कभी एकांत में नहीं हैं | – सर पी. सिडनी / Sir P. Sidney

  21. ##विद्या के अलावा और कोई ज्ञान नहीं है | – थामस फुलर / Thomas Fuller

  22. ##जैसे सूर्य सबको एक-सा प्रकाश देता है, बरसात सबके लिए बरसती है, उसी तरह विद्यावृष्टि सब पर बराबर होनी चाहिए | – महात्मा गांधी / Mahatma Gandhi

  23. ## एक अनपढ़ व्यक्ति का जीवन उसी तरह बेकार है जैसे कुत्ते की पूँछ होती है, जो ना उसके पीछे का भाग ढकती है, ना ही उसे कीड़े-मकौडों के डंक से बचाती हे. – चाणक्य सुविचार / Chanakya quotes

  24. ##कृत्रिम सुख की बजाये, हमेशा ठोस उपलब्धियों के पीछे समर्पित रहिये. – Abdul Kalam / अब्दुल कलाम

  25. 22) आप अभी वो हैं जो आप रह चुके हैं. आप बाद वो होंगे जो आप अभी करेंगे. – भागवान बुद्ध / Lord Buddha

  26. 23) युद्ध के लिए तैयार रहना शांति स्थापित रखने के लिए एक बहुत प्रभावशाली साधन है | – वाशिंग्टन / Washington

  27. 24) शिक्षा का महानउद्देश्य ज्ञान नहीं, कर्म है | – हर्बर्ट स्पेन्सर / Herbert Spencer

  28. 25) सज्जनों का यह लक्षण है कि वे सदैव दया करनेवाले और करुणाशील होते हैं | – महाभारत / Mahabharat

  29. Read Also :-  Suvichar In Hindi – सर्वाधिक पढ़े गए 10 सुविचार

  30. 26) सज्जन पुरुष की वास्तविक परिभाषा यही है कि वह कभी किसी पुरुष को पीड़ीक नहीं करता | – सी. न्यूमैन.

  31. 27) हम यहाँ किसी विशेष कारण से हैं. इसीलिए अपने भूत का कैदी बनना छोड़िये. अपने भविष्य के निर्माता बनिए. – रोबिन शर्मा / Robin Sharma

  32. 28) जो लोंग मन को नियंत्रित नहीं करते, उनके लिए मन शत्रु के समान कार्य करता है. – श्रीमद्भगवद्गीता / Srimadbhagwadgita

  33. 29) बड़ा सोचो, जल्दी सोचो, सबसे आगे सोचो. विचारों पर किसी का भी एकाधिकार नहीं है. – धीरूभाई अंबानी / Dheerubhai Ambani

  34. 30) अपना बोझ दुसरे पर न लादना और बिना संकोच दान करना बड़े साहस का काम है | – जुन्नेद / Junaid

  35. 31) छोटी चीजों में बारे हमेशा वफादार रहिये क्योंकि इन्ही में आपकी शक्ति निहित होती है. – मदर टेरेसा / Mother Teresa quotes

  36. 32) बेहतर यही होगा कि आप कोशिश करें शायद इसमे आप नाकामयाब हो जाएं और उससे कुछ सीखें बजाये इसके की आप कुछ करें ही नहीं। – मार्क जकरबर्ग / Mark Zuckerberg

  37. 33) गरीबों की सेवा ही ईश्वर की सेवा है | – सरदार वल्लभभाई पटेल / Sardar Vallabhbhai Patel

  38. 34) सेवा से शत्रु भी मित्र हो जाता है | – वाल्मीकि / Valmiki

  39. Read Also :- Suvichar In Hindi – प्रेरणादायक सुविचार हिन्दी में

  40. 35) यदि कोई दुर्बल मानव तुम्हारा अपमान करे तो उसे क्षमा कर दो, क्योंकि क्षमा करना ही वीरों का काम है, परंतु यदि अपमान करने वाला बलवान हो तो उसको अवश्य दण्ड दो | – गुरु गोविन्दसिंह / Guru Gobind Singh

  41. 36) क्षमा से क्रोध को जीतो, भलाई से बुराई को जीतो, दरिद्रता को दान से जीतो और सत्य से असत्यवादी को जीतो | – महात्मा बुद्ध / Mahatma Budh

  42. 37) दानी कभी दुःख नहीं पाता, उसे कभी पाप नहीं घेरता | – ॠग्वेद / Rigved

  43. 38) कोई इन्सान दो आदमियों की एकनाथ खिदमत नहीं कार सकता; चाहे प्रभु की उपासना कर लो, चाहे कुबेर की | – बाइबिल / Baibal

  44. 39) न्याययुक्त व्यवहार करना, सौंदर्य से प्रेम करना तथा सत्य की भावना को ह्रदय में धारण करके विनयशील बने रहना ही सबसे बड़ा धर्म है | – डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन / Dr. Sarvepalli Radhakrishnan

  45. 40) दोष निकलना सुगम है, उसे अच्छा करना कठिन | – प्लूटार्क / Plutarch

  46. 41) गुरु का भी दोष कह देना चाहिए | – स्वामी रामतीर्थ / Swami Ramtirth

  47. 42) धीरज सारे आनंदों और शक्तियों का मूल है | – फ्रैंकलिन / Franklin

  48. 43) धैर्य कडुवा होता है, पर उसका फल मीठा होता है | – रूसो / Ruso

  49. 44) असफलता नहीं, अपितु निकृष्ट ध्येय ही अपराध है | – जे. आर. लावेल

  50. 45) महान ध्येय का मौन में ही सृजन होता है | – साने गुरूजी / Sane Guruji

  51. 46) नम्रता पत्थर को भी माँ कर देती है | – प्रेमचन्द / Premchand

  52. 47) नम्रता सारे सद्गुणों का दृढ़ स्तम्भ है | – कन्फ्युशन / Confucius

  53. 48) अपनी नम्रता का गर्व करने से अधिक निंदनीय और कुछ नहीं है | – मारकस औरेलियस

  54. 49) नारी शांति की प्रतिमा है, उसे उच्च पद से नीचे गिराना केवल जंगलीपन है | – रफोडियस

  55. 50) विश्व में कोई वस्तु इतनी मनोहर नहीं, जितनी कि सुशील और सुंदर नारी 

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