hindi lead happier easier life



  1. आपकी धारणाएँ आपके विचार बन जाते हैं,
  2. आपके विचार आपके शब्द बन जाते हैं,
  3. आपके शब्द आपके कर्म बन जाते हैं,
  4. आपके कर्म आपकी आदतें बन जाती हैं,
  5. आपकी आदतें आपके मूल्य बन जाते है,
  6. और आपके मूल्य आपकी तकदीर बन जाती है|
  7. ~महात्मा गाँधी

  8. Your beliefs become your thoughts, 

  9. Your thoughts become your words, 

  10. Your words become your actions, 

  11. Your actions become your habits, 

  12. Your habits become your values, 

  13. Your values become your destiny.” 
  14. ― Mahatma Gandhi


  15. बापू का ये उद्धरण हमारी आदतों के बारे में साफ और सीधे शब्दों में बहुत कुछ बयां कर जाता है, और हमें प्रेरित करता है की अगर हमें अपनी तकदीर बदलनी है तो हमें अपनी आदतों में भी बदलाव लाना होगा और अपनी जिंदगी को नयी दिशा प्रदान करनी होगी।  


  16.  

  17. ख़ुशी की बात तो ये है की ये बदलाव लाना बिलकुल आसान है; और नाकारात्मक  से साकारात्मक नजरिये तक पहुँचने के लिए हमें सिर्फ अपनी रोजमर्रा की आदतों में छोटे-छोटे बदलाव लाने होंगे. ये बदलाव क्या होने चाहिए आईये जानते हैं:

  18. अपने आप से सच बोलें : हम जाने अनजाने में हमेशा अपने आप से बात करते रहते हैं और हमारे दिमाग में हमेशा कुछ न कुछ विचार घूमता रहता है, इसी बात पर ध्यान देना शुरू करें और अपने आप से आप कैसी बात कर रहे है उसपर ध्यान देना शुरू करें, और इस बात का विशेष ध्यान रखें कि कम से कम खुद से आप झूठ कभी न बोलें और खुद को धोख़ा कभी न दें। किसी की भी शिकायत करने से भी बचें!

  19. दूसरों पर आरोप लगाने से बचें: कुछ भी गलत होने पर जिम्मेदारी खुद लेने की बजाय हम अक्सर दूसरों पर आरोप लगाने के बहाने खोजने लगते हैं और दूसरों पर फ़ौरन आरोप मढ़ देते हैं, ऐसा करना फ़ौरन बंद करें।   बातों को पकड़कर मत बैठ जाइये बल्कि उन्हें बीत जाने दीजिये ऐसा करने से आपको भावात्मक आज़ादी(इमोशनल  फ्रीडम ) तो मिलेगी ही और भावनाओं के जाल से मुक्ति पाते ही अद्भुत ख़ुशी भी मिलेगी। 

  20. चिंता छोड़ो सुख से जियो: आपने अक्सर पढ़ा और सुना होगा की चिंता चिता के सामान होती है और चिंता करने से कुछ मिलता तो बिलकुल नहीं है, हाँ हमारी खुशियां जरूर छिन जाती हैं। चिंता करके हम ऐसी चीज़ों को पकड़े रहते हैं जिन्हें पकड़ने की कोई जरूरत नहीं होती है। हम अक्सर बंद होते हुए दरवाजे को इतनी शिद्दत से  देखते रहते हैं की खुलते दरवाजों पर हमारा ध्यान ही नहीं जा पाता। जो हुआ वो हो चुका है उससे आगे बढिए और नए मौकों की तलाश में जिंदगी गुजारिये।  

  21. ज्यादा उम्मीद करना छोड़ें: जीवन में अगर साकारात्मक बदलाव लाना है तो सबसे पहले उम्मीद करना छोड़ दीजिये, ऐसे करते ही आप देखेंगे की आपका जीवन खुशियों से भरने लगेगा। जीवन में बेहतर होने के लिए प्रयासरत अवश्य रहें और चीजों से संतुष्ट रहें और जो भी आपके पास है उसकी प्रशंशा करें और ईश्वर के प्रति आभारी रहें।

  22. हमेशा ख़ुशी की उम्मीद न करें: सुख दुःख जीवन का एक चक्र है लेकिन अक्सर दुःख के बादल देखकर ही हम तिलमिला जाते हैं और अपना होश खो देते हैं, लेकिन ये याद रखें कि दुःख भी हमारे जीवन का हिस्सा है। यह जरूरी भी है, क्योंकि दुःख से ही हमारा दिमाग, शरीर और आत्मा मजबूत होती है। हमारे जीवन में सिर्फ अच्छी चीज़ें होंगी तो हम कभी मजबूत नहीं बन पाएंगे, और आगे आने वाली परेशानियों और परिस्थितियों से जूझने के लिए तैयार नहीं हो पाएंगे।  

  23. उम्मीद करता हूँ कि इन छोटे-छोटे उपायों पर अमल करके आप भी अपनी जिंदगी में अद्भुत बदलाव लाने में सफल होंगे।  ये लेख कैसा लगा, हमें जरूर बताएं। आपकी प्रतिक्रियाएं हमारा उत्साह बढाती हैं और हमें बेहतर होने में मदद करती हैं।  धन्यवाद

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