Independence Day quotes 2016


  • प्रेमी, पागल, और कवी एक ही चीज से बने होते हैं.

  • राख का हर एक कण मेरी गर्मी से गतिमान है मैं एक ऐसा पागल हूँ जो जेल में भी आज़ाद है.

  • यदि बहरों को सुनना है तो आवाज़ को बहुत जोरदार होना होगा. जब हमने बम गिराया तो हमारा धेय्य किसी को मारना नहीं थ. हमने अंग्रेजी हुकूमत पर बम गिराया था . अंग्रेजों को भारत छोड़ना चाहिए और उसे आज़ाद करना चहिये.

  • किसी को “क्रांति ” शब्द की व्याख्या शाब्दिक अर्थ में नहीं करनी चाहिए। जो लोग इस शब्द का उपयोग या दुरूपयोग करते हैं उनके फायदे के हिसाब से इसे अलग अलग अर्थ और अभिप्राय दिए जाते है.

  • आम तौर पर लोग चीजें जैसी हैं उसके आदि हो जाते हैं और बदलाव के विचार से ही कांपने लगते हैं। हमें इसी निष्क्रियता की भावना को क्रांतिकारी भावना से बदलने की ज़रुरत है.

  • जो व्यक्ति भी विकास के लिए खड़ा है उसे हर एक रूढ़िवादी चीज की आलोचना करनी होगी , उसमे अविश्वास करना होगा तथा उसे चुनौती देनी होगी.

  • मैं इस बात पर जोर देता हूँ कि मैं महत्त्वाकांक्षा , आशा और जीवन के प्रति आकर्षण से भरा हुआ हूँ. पर मैं ज़रुरत पड़ने पर ये सब त्याग सकता हूँ, और वही सच्चा बलिदान है.

  • ज़िन्दगी तो अपने दम पर ही जी जाती हे … दूसरो के कन्धों पर तो सिर्फ जनाजे उठाये जाते हैं .

  • Bhagat Singh भगत सिंह

  • तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हे आज़ादी दूंगा.

  • याद  रखिए  सबसे  बड़ा  अपराध अन्याय सहना और  गलत  के  साथ  समझौता  करना  है.

  • इतिहास  में  कभी  भी विचार-विमर्श  से  कोई  वास्तविक  परिवर्तन   हासिल  नहीं हुआ है.

  • ये हमारा कर्तव्य है कि हम अपनी स्वतंत्रता का मोल अपने खून से चुकाएं. हमें अपने बलिदान और परिश्रम से जो आज़ादी मिलेगी,  हमारे अन्दर उसकी रक्षा करने की ताकत होनी चाहिए.

  • यदि आपको अस्थायी रूप से झुकना पड़े तब वीरों की भांति झुकना.

  • हमारी राह भले ही भयानक और पथरीली हो ,हमारी यात्रा चाहे कितनी भी कष्टदायक हो , फिर भी हमें आगे बढ़ना ही है ! सफलता का दिन दूर हो सकता है ,पर उसका आना अनिवार्य है.

  • आज हमारे अन्दर बस एक ही इच्छा होनी चाहिए, मरने की इच्छा ताकि भारत जी सके! एक शहीद की मौत मरने की इच्छा ताकि स्वतंत्रता का मार्ग शहीदों के खून से प्रशश्त हो सके.

  •   – Subhash Chandra Bose सुभाष चन्द्र बोस
  • दुश्मन की गोलियों का हम सामना करेंगे, 
  • आजाद ही रहे हैं, आजाद ही रहेंगे
  • मां हम विदा हो जाते हैं,

  • हम विजय केतु फहराने आज।

  • तेरी बलिवेदी पर चढ़ कर

  • मां निज शीश कटाने आज॥

  • मलिन वेश ये आंसू कैसे,

  • कंपित होता है क्यों गात?

  • वीर प्रसूति क्यों रोती है,

  • जब लग खंग हमारे हाथ॥


  •  

  •  
  • धरा शीघ्र ही धसक जाएगी,

  • टूट जाएंगे न झुके तार।

  • विश्व कांपता रह जाएगा,

  • होगी मां जब रण हुंकार॥

  • नृत्य करेगी रण प्रांगण में,

  • फिर-फिर खंग हमारी आज।

  • अरि शिर गिरकर यही कहेंगे,

  • भारत भूमि तुम्हारी आज॥

  • अभी शमशीर कातिल ने,

  • न ली थी अपने हाथों में।

  • हजारों सिर पुकार उठे,

  • कहो दरकार कितने हैं॥

  • – Chandra Shekhar Azad

  • अधभूखे राष्ट्र के पास न कोई धर्म, न कोई कला और न ही कोई संगठन हो सकता है.

  • निःशस्त्र अहिंसा की शक्ति किसी भी परिस्थिति में सशस्त्र शक्ति से सर्वश्रेष्ठ होगी.

  • स्वतंत्रता एक जन्म की भांति है। जब तक हम पूर्णतः स्वतंत्र नहीं हो जाते तब तक हम परतंत्र ही रहेंगे.

  • स्वच्छता, पवित्रता और आत्म-सम्मान से जीने के लिए धन की आवश्यकता नहीं होती.

  • आँख के बदले में आँख पूरे विश्व को अँधा बना देगी.

  • खुद वो बदलाव बनिए जो दुनिया में आप देखना चाहते हैं.

  • Be the change that you want to see in the world.


  •  

  •  
  • जब तक गलती करने की स्वतंत्रता ना हो तब तक स्वतंत्रता का कोई अर्थ नहीं है.

  • विश्व के सभी धर्म, भले ही और चीजों में अंतर रखते हों, लेकिन सभी इस बात पर एकमत हैं कि दुनिया में कुछ नहीं बस सत्य जीवित रहता है.

  • सत्य बिना जन समर्थन के भी खड़ा रहता है.वह आत्मनिर्भर है.



Comments